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Thursday, 16 August 2012


कोलकाता की साहित्यिक पत्रिका 'प्रतिबिंब' में प्रकाशित संवेदनात्मक अनुभूतियों से सृजित मेरी कविता 'अम्मा' आपके अवलोकन हेतु प्रस्तुत--



1 comment:

  1. भाई मेरे, यहां से तो पढ्ना मुश्किल हो रहा है . खैर फिलहाल मेरी बधाई रही ......





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